करवा चौथ एक ऐसा त्योहार है, जिसमें विवाहित हिंदू महिलाएं अपने पतियों की अच्छी सेहत और लंबी उम्र के लिए व्रत रखती हैं। अब एक महिला ने यह सवाल उठाकर जेंडर भूमिकाओं (gender roles) पर बहस छेड़ दी है कि आखिर सिर्फ पत्नियों से ही बिना खाए-पिए रहने की उम्मीद क्यों की जाती है। उनका तर्क है कि शादी में प्यार और परवाह दोनों तरफ से होनी चाहिए। उन्होंने पूछा कि पति अपनी पत्नियों के लिए ऐसा ही व्रत क्यों नहीं रखते? इस साल यह त्योहार 29 अक्टूबर को मनाया जा रहा है, जिसमें महिलाएं शाम को चांद देखने के बाद अपना व्रत खोलती हैं।