LLLR-I, 'अश्लेषा' रडार का एक अपग्रेडेड वर्ज़न है। इसे रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) के इलेक्ट्रॉनिक्स एंड रडार डेवलपमेंट एस्टेब्लिशमेंट (LRDE) द्वारा डिजाइन किया गया है और इसका निर्माण BEL द्वारा किया गया है। जहां 'अश्लेषा' एक S-बैंड 3D रडार है जिसमें सेमी-एक्टिव ऐरे एंटीना लगा होता है, वहीं इस अपग्रेडेड सिस्टम में गैलियम नाइट्राइड (GaN) आधारित 'एक्टिव इलेक्ट्रॉनिकली स्कैन्ड ऐरे' (AESA) तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। इसमें चार फिक्स्ड फेज़्ड-ऐरे पैनल लगे हैं, जो बिना किसी हिलने-डुलने वाले हिस्से के 360 डिग्री कवरेज प्रदान करते हैं।