बच्चों को सीखने-सिखाने, समुदायों और सृजनशीलता से जोड़ने वाली डिजिटल दुनिया, उनकी सुरक्षा, निजता व कल्याण के लिए जोखिम की भी वजह हो सकती है. इसके मद्देनज़र, यूएन मानवाधिकार उच्चायुक्त ने देशों की सरकारों और टैक्नॉलॉजी कम्पनियों से ऑनलाइन माध्यमों के डिज़ाइन को बेहतर बनाने और बच्चों की सुरक्षा के लिए लिए ठोस क़दम उठाने का आग्रह किया है.