(खबरें अब आसान भाषा में)
सरकार का कहना है कि जजों की संख्या बढ़ने से सुप्रीम कोर्ट का कामकाज ज्यादा तेज और प्रभावी होगा, जिससे लंबित मामलों का निपटारा तेजी से हो सकेगा और लोगों को समय पर न्याय मिल पाएगा। संविधान के अनुच्छेद 124 में के तहत सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या तय करने का अधिकार संसद के पास है