विश्व भर में लाखों लोग, हर वर्ष युद्ध या उत्पीड़न की वजह से अपना देश छोड़ने के लिए मजबूर हो रहे हैं, मगर उन्हें कहीं और बसाने के लिए उपलब्ध अवसर मौजूदा आवश्यकताओं की तुलना में कम ही हैं. इसके मद्देनज़र, संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी (UNHCR) ने शरणार्थी पुनर्वास कार्यक्रमों का जल्द से जल्द विस्तार किए जाने की पुकार लगाई है.