दिवाली सिर्फ दीयों की रोशनी का त्योहार नहीं, बल्कि नई उम्मीदों और नए संकल्पों का त्योहार है। अंधेरे को चीरकर उजाले की एक नई लकीर खींचने का पर्व है। जब घर के हर कोने में दीया जलता है तो मन में यह विश्वास जगता है आने वाला कल और बेहतर होगा। निवेशक भी इस दिवाली यही उम्मीद सजा कर बैठे हैं कि इस दिवाली पोर्टफोलियो का अंधेरा दूर हो। पिछले 1 साल काफी मुश्किल भरे गए। वेस्ट एशिया संकट,कच्चा तेल,टैरिफ,AI, रुपए में कमजोरी जैसे चैलेंज ने बाजार के मनोबल को तोड़ दिया। FIIs भी मुंह फुलाए बैठ हैं। हाल ये है कि पिछली दिवाली से इस दिवाली तक निफ्टी ने 12 फीसदी से ज्यादा के निगेटिव रिटर्न दिए। ऐसे में हर निवेशक पूछ रहा है आखिर बाजार का ये ग्रहण कब दूर होगा। तेजी का चिराग कैसे जलेगा,कौन सा वो सेक्टर है जो पोर्टफोलियो को रोशन करेगा? निराशा भरे इस माहौल में उम्मीद की नई किरण जगाने के लिए आज हमारे साथ जुड़ रहे हैं देश के जाने माने निवेश गुरु मोतीलाल ओसवाल ग्रुप के चेयरमैन और को-फाउंडर रामदेव अग्रवाल।