संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर टर्क ने, 3 मई को मनाए जाने वाले विश्व प्रैस स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आगाह किया है कि दुनिया के अनेक स्थानों पर पत्रकारों के लिए बढ़ते ख़तरे, शान्ति और लोकतंत्र की नींव को कमज़ोर कर रहे हैं. मध्य पूर्व में युद्ध ने इस वर्ष अभी तक, लेबनान को मीडियाकर्मियों को काम करने के लिए सबसे ख़तरनाक देश बना दिया है.