Nithin Kamath UPI MDR: 15 अक्टूबर 2026 से लागू हो रहे UPI MDR चार्जेस से शेयर ब्रोकिंग इंडस्ट्री में हड़कंप मच गया है। डिस्काउंट ब्रोकर जेरोधा के संस्थापक नितिन कामथ ने एक बड़ी बात कही है। उनका कहना है कि ग्राहक ट्रेडिंग अकाउंट में पैसा ट्रांसफर तो करते हैं, लेकिन ट्रेड करने की कोई गारंटी नहीं होती। ऐसे में बिना किसी कमाई के ब्रोकर्स को सिर्फ यूपीआई फीस के रूप में करोड़ों का नुकसान उठाना पड़ेगा