बजाज ब्रोकिंग के डिप्टी वाइस प्रेसिडेंट (रिसर्च) पबित्रो मुखर्जी का कहना है कि अगर इंडेक्स पिछले दो सेशन के लगभग एक जैसे हाई लेवल 22,621 के ऊपर जाता है, तो आने वाले सेशन में यह 22,750 और 23,000 के लेवल तक और ऊपर जा सकता है। हालांकि अगर यह इसके ऊपर नहीं जा पाता है, तो RBI की मॉनेटरी पॉलिसी के नतीजों से पहले 22,200-22,620 की रेंज में कंसोलिडेशन का संकेत मिलेगा। पबित्रो के मुताबिक नीचे की तरफ अगर यह अप्रैल 2026 के निचले स्तर 22,182 से नीचे जाता है, तो गिरावट 22,000 और पिछले साल 2025 के निचले स्तर 21,743 तक बढ़ सकती है। पबित्रो का कहना है कि निफ्टी का ट्रेंड बदलने के लिए लगातार 'हायर हाई-हायर लो' स्ट्रक्चर बनाना होगा और 23,000-23,100 के लेवल को फिर से हासिल करना होगा।