अरुणाचल प्रदेश में 'जसवंत गढ़ वॉर मेमोरियल' विजिटर्स और पर्यटकों को आकर्षित करता है। गढ़वाल राइफल्स की 4th बटालियन के एक सैनिक के तौर पर उनकी अनोखी कहानी दिखाने वाली एक बायोग्राफिकल मूवी '72 Hours: Martyr Who Never Died' भी बनाई गई थी। मगर, उत्तराखंड में उनके पुश्तैनी गांव में महावीर चक्र विजेता के लिए एक सही मेमोरियल की कमी रह गई थी। उम्मीद है उनके जन्मस्थान पर एक म्यूजियम बनने से उनके होम स्टेट में उनकी विरासत और मजबूत होगी। आकार में छोटा होने के बावजूद, यह क्षेत्र सशस्त्र बलों में बड़ी संख्या में सैनिक भेजता है।