मार्केट में शामिल लोग US इकोनॉमिक डेटा और फेडरल रिजर्व के अधिकारियों के बयानों के साथ-साथ 7 अक्टूबर को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के मॉनेटरी पॉलिसी फैसले पर भी नजर रखे हुए हैं। मोनार्क PMS के असिस्टेंट फंड मैनेजर ध्रुव जोगलेकर का मानना है कि अक्टूबर में सोने की कीमतों को सपोर्ट मिल सकता है। इसकी वजह त्योहारों के मौसम में सोने की फिजिकल डिमांड (असली सोने की मांग) बढ़ने की संभावना और सेंट्रल बैंक की लगातार खरीदारी है। उन्होंने कहा कि बाजार की नजर US के इकोनॉमिक डेटा और महंगाई के आउटलुक पर स्पष्टता मिलने पर होगी।