आरबीआई के रेपो रेट बढ़ाने के बाद यह माना जा रहा था कि सरकारी बैंक, प्राइवेट बैंक सहित दूसरे बैंक अपने लोन का इंटरेस्ट बढ़ाएंगे। बैंक ऑफ इंडिया ने सबसे पहले अपना रेपो आधारित लेंडिंग रेट बढ़ाने का ऐलान किया। यह 7 अक्तूबर से ही लागू हो गया। बैंक ऑफ इंडिया के रेपो से जुड़े सभी लोन अब महंगे हो जाएंगे। बैंकों को अपने लोन के इंटरेस्ट रेट के लिए किसी बाहरी बेंचमार्क से लिंक्ड करना पड़ता है। अब ज्यादातर बैंकों के लोन रेपो से लिंक्ड हैं।