इस महीने की शुरुआत डॉलर के मुकाबले रुपया अपने अब तक के सबसे निचले स्तर को तोड़ने की कगार पर पहुंच गया था। लेकिन आरबीआई के फैसलों के बाद से रुपए में 2% से अधिक की रिकवरी देखने को मिली है। रुपए में यह उछाल केंद्रीय बैंक द्वारा उठाए गए कई नीतिगत कदमों की वजह से आया है। इन कदमों में तेल से जुड़ी डॉलर की मांग को स्पॉट मार्केट से हटाने और कुछ आयातकों के लिए हेजिंग की लागत बढ़ाने जैसे कदम शामिल हैं।