बीमा नियामक इरडा ने इंश्योरेंस पॉलिसी की बिक्री से जुड़े नियमों में बदलाव का प्रस्ताव पेश किया है, जो पॉलिसीबाजार की पीबी फिनटेक पर भारी पड़ गया। इसके तहत हेल्थ, मोटर और लाइफ इंश्योरेंस पर कमीशन की लिमिट तय करने की बात है। इरडा के प्रस्तावित फ्रेमवर्क से पॉलिसीबाजार के रेवेन्यू और मुनाफे को झटका लगने की आशंका जताई जा रही है। कंपनी के मैनेजमेंट ने भी संकेत दिया है कि इन प्रस्तावों से कोर रेवेन्यू को करीब 30% तक का झटका लग सकता है और इसका सबसे अधिक असर जनरल इंश्योरेंस पर पड़ेगा। कंपनी इस झटके को कम करने के लिए हायरिंग और मार्केटिंग पर खर्च में सुस्ती के साथ-साथ दूसरे लागतों पर नियंत्रण जैसे तरीकों पर गौर कर रही है।