(खबरें अब आसान भाषा में)
CAS के बाद ऑप्शंस प्राइसिंग पर बड़े सवाल उठे हैं। निफ्टी की कई स्ट्राइक्स में प्राइसिंग मिस-मैच देखने को मिला है। क्लोजिंग भाव इंट्रैसिक वैल्यू के काफी नीचे आए। अगर कल एक्सपायरी का दिन होता तो सेटलमेंट कैसे होता ? इसमें ऑप्शंस राइटर्स के बुरी तरह फंसने का रिस्क है