द्वितीय विश्व युद्ध की तबाही के बाद, एक अधिक शान्तिपूर्ण और न्यायपूर्ण दुनिया के सपने ने, वर्ष 1945 में देशों को एक नई सोच के तहत एकजुट किया. इसी सोच और आशा की बुनियाद पर संयुक्त राष्ट्र का जन्म हुआ. इसके पीछे भी बहुत दिलचस्प कहानी है कि इस विश्व संगठन को आख़िरकार न्यूयॉर्क सिटी की मेज़बानी किस तरह मिली.