(खबरें अब आसान भाषा में)
फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि भारत और फ्रांस टेक्नोलॉजिकल सॉवरेनटी विकसित करेंगे। उन्होंने भारत को एक ट्रेनिंग सुपरपावर के रूप में सराहा, जो 10 लाख इंजीनियर सालाना तैयार करता है। यह आंकड़ा यूरोप और अमेरिका को मिलाकर कुल आंकड़े से भी अधिक है