Farooq Abdullah On Jammu Kashmir Terror Attack: रविवार (20 अक्टूबर) की रात जम्मू-कश्मीर के गांदरबल में आतंकियों ने एक बार फिर कायराना हरकत दोहराते हुए हमला किया और 5 टनल वर्कर्स सहित एक डॉक्टर की गोली मारकर हत्या कर दी। इस हमले को लेकर जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से लेकर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह तक ने निंदा की है। वहीं इस हमले को लेकर अब पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के राष्ट्रीय अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने गांदरबल हमले को लेकर पाकिस्तान और उनके आतंकियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। न्यूज एजेंसी एएनआई से बातचीत करते हुए फारूक अब्दुल्ला ने साफ कह दिया कि कश्मीर किसी भी कीमत पर पाकिस्तान नहीं बनेगा। उन्होंने गांदरबल आतंकी हमले की कड़ी निंदा की और पाकिस्तान के हुक्मरानों को खबरदार करते हुए कहा कि अगर वो भारत के साथ बेहतर संबंध चाहते हैं तो उन्हें ऐसे कायरतापूर्ण हमलों से बाज आना होगा।
पाकिस्तानी हुक्मरानों को फारूक अब्दुल्ला की चेतावनी
फारूक अब्दुल्ला ने कहा, “यह हमला बहुत दुर्भाग्यपूर्ण था… अप्रवासी गरीब मजदूरों और एक डॉक्टर ने अपनी जान गंवा दी। इससे आतंकवादियों को क्या मिलेगा? क्या उन्हें लगता है कि वे यहां पाकिस्तान बना पाएंगे… हम इसे खत्म करने की कोशिश कर रहे हैं ताकि हम दुख से उबर सकें… मैं पाकिस्तान के नेतृत्व को बताना चाहता हूं कि अगर वे भारत के साथ अच्छे संबंध चाहते हैं, तो उन्हें इसे खत्म करना होगा। ‘कश्मीर पाकिस्तान नहीं बनेगा।’ आइए हम सम्मान के साथ जिएं और सफल हों… अगर वे 75 साल तक पाकिस्तान नहीं बना पाए, तो अब यह कैसे संभव होगा?… आतंकवाद को खत्म करने का समय आ गया है, अन्यथा परिणाम बहुत गंभीर होंगे… अगर वे हमारे निर्दोष लोगों को मार देंगे तो बातचीत कैसे होगी?…”
गांदरबल में आतंकी हमला, 7 की मौत
रविवार की रात को लगभग सवा 8 बजे आतंकियों ने प्रवासी मजदूरों पर तब गोलियां बरसा दीं थी जब वो खाना खाने के लिए मेस में जा रहे थे। दरअसल ये मजदूर जम्मू-कश्मीर के गांदरबल जिले में एक टनल का निर्माण कर रहे थे, जो कि घने जंगलों के बीच स्थित था। एक प्राइवेट कंपनी ने इसका ठेका लिया हुआ था। आतंकियों ने ऑटोमेटिक हथियारों से इन मजदूरों पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं। इस हमले में दो मजदूरों की तो मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि 4 मजदूरों और एक डॉक्टर की इलाज के दौरान मौत हुई। इस बीच NIA की टीम हमले जांच के लिए कश्मीर पहुंच गई है।