सूत्रों के मुताबिक सरकार इस मुद्दे पर सरकार ऑटो कंपनियों के साथ अलग अलग विकल्पों पर सलाह मशविरा कर रही है। US रेसीप्रोकल टैरिफ को देखते हुए सरकार का मानना है कि अब लंबे समय तक घरेलू ऑटो इंडस्ट्री को प्रोटेक्ट करना मुश्किल है। इस बात को ध्यान में रखते हुए ही ड्यूटी कटौती के प्रस्ताव पर सरकार विचार कर रही है