IndusInd Bank: इंडसइंड बैंक के मैनेजमेंट ने 10 मार्च को कहा था कि बैंक ने पिछले साल अक्टूबर में ही डेरिवेटिव पोर्टफोलियो की जांच शुरू कर दी थी। इस बार सेबी ने यह सवाल पूछा है कि अगर बैंक को पिछले साल अक्टूबर में लैप्सेज के बारे में पता चल गया था तो उसने तब निवेशकों को इस बारे में क्यों नहीं बताया था