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तीन बार कीमतों में बदलाव के बावजूद तेल विपणन कंपनियों को पेट्रोल और डीजल पर अब भी भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। अनुमान है कि कंपनियां हर लीटर पर करीब 8 रुपये से 10 रुपये तक घाटा झेल रही हैं। बढ़ती कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक तनाव ने कंपनियों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं