Controversy in Guna Convent School: मध्य प्रदेश में गुना का वंदना कॉन्वेंट स्कूल एक बार फिर से विवादों के चलते मीडिया की सुर्खियों में छा गया है। एक बार फिर इस मिशनरी स्कूल में छात्रों को लेकर भेदभाव का मामला सामने आया है। गुना के वंदना कॉन्वेंट स्कूल पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं। हिन्दू छात्रों के साथ मुस्लिम छात्रों का बुरा बर्ताव करने की बातें सामने आई हैं और अभिभावकों के शिकायत करने के बाद भी स्कूल प्रशासन ने इन बातों पर ध्यान नहीं दिया। इसके बाद करणी सेना ने स्कूल में पहुंचकर जोरदार हंगामा किया, जिसके बाद आरोपी छात्र का सेक्शन बदल दिया गया।
मिली जानकारी के मुताबिक वंदना कॉन्वेंट स्कूल के कक्षा 3 में पढ़ने वाले छात्र जयवर्द्धन सिंह तोमर का उसकी क्लास में पढ़ने वाले एक मुस्लिम छात्र से किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था। जब बच्चे ने इस बात की शिकायत अपनी स्कूल टीचर से की तो उन्होंने उल्टा जयवर्द्धन की ही पिटाई कर दी। अब बच्चा नाराज होकर ये बात अपने अभिभावक से कहता है जिसके बाद बच्चे के माता-पिता सहित किई और लोग स्कूल के गेट पर पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन करते हैं। यहीं पर करणी सेना के लोग भी वहां पहुंचकर प्रदर्शन करते हैं। साथ ही ये लोग मांग करते हैं कि उस टीचर के खिलाफ सख्त से सख्त ऐक्शन लिया जाए जिसने बच्चे की पिटाई की थी। पीड़ित छात्र की मां ने बताया कि वो लड़का आए दिन उसे परेशान किया करता है कभी उसकी कॉपी किताबें निकालकर दूसरों के बैग में डाल देगा तो कभी मारपीट करेगा।
पहले भी इस स्कूल को लेकर हो चुका है हंगामा
ऐसा नहीं है कि गुना का वंदना कॉन्वेंट स्कूल में ऐसा विवाद पहली बार हुआ हो, इसके पहले भी गुना के इस स्कूल को लेकर बखेड़ा हो चुका है। फिलहाल इस बार एक हिन्दू छात्र के अभिभावकों का आरोप है कि उन्होंने स्कूल की टीचर से शिकायत की थी कि उनके बच्चे को स्कूल के पढ़ने वाले कुछ मुस्लिम बच्चे परेशान करते हैं लेकिन स्कूल प्रशासन ने इस पर कोई एक्शन नहीं लिया और मुस्लिम बच्चे ने लगातार उनके बच्चे को परेशान करना जारी रखा। इस वजह से हिन्दू छात्र के अभिभावक कुछ और अपनी तरह के पीड़ित लोगों को साथ लेकर स्कूल पहुंच जाते हैं उनके साथ करणी सेना के लोग भी शामिल हो जाते हैं। अब स्कूल प्रशासन इस मामले को शांत करवाने के लिए पुलिस बुलाता है जिसके बाद दोनों पक्षों को समझा बुझा कर और मुस्लिम छात्र का सेक्शन चेंज करवा कर मामले को शांत करते हैं।
श्लोक पढ़ने पर छात्रों को किया था अपमानित, प्रिंसिपल पर दर्ज हुई थी FIR
इसके पहले 15 जुलाई 2024 को भी इसी स्कूल में छठवीं कक्षा के कुछ छात्रों ने मॉर्निंग प्रेयर के दौरान संस्कृत में श्लोक पढ़ दिया था जिसके बाद वहां मौजूद टीचर ने बच्चों से माइक छीन लिया था और छात्रों को डांट लगाते हुए कहा था,’यहां पर श्लोक नहीं पढ़ा जाएगा। कोई भी छात्र हिन्दी में नहीं बात करेगा यहां केवल अंग्रेजी में बातचीत होगी’ इतना कहते हुए टीचर ने छात्रों को अपमानित कर वहां से भगा दिया था। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर सिसौदिया ने स्कूल के प्रिंसिपल को नोटिस दिया था। इस पर स्कूल मैनेजमेंट ने अपनी सफाई दी थी। एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने इस बात को लेकर स्कूल में पहुंचकर जमकर हंगामा काटा था जिसके बाद स्कूल की प्रिंसिपल सिस्टर कैथरीन ने इस व्यवहार के लिए माफी मांगी थी। इस मामले में प्रिंसिपल सिस्टर कैथरीन पर एफआईआर भी दर्ज हुई थी।