ऑनलाइन ट्रेडिंग कंपनी और वेल्थ टेक फर्म एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर. का मानना है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व के सितंबर के नीतिगत फैसले के बाद वैश्विक बॉन्ड यील्ड भी महत्वपूर्ण बनी हुई है। बॉन्ड यील्ड और डॉलर में बढ़ोतरी से उभरते बाजारों में निवेश प्रभावित हो सकता है। इसके अलावा रुपये की चाल भी महत्वपूर्ण होगी। कच्चे तेल की खरीद के लिए डॉलर की मांग और विदेशी निवेशकों की ओर से लगातार बिकवाली से रुपये पर दबाव बना रह सकता है।