Uddhav Thackeray: 122 सदस्यों वाली KDMC में किसी भी दल को साफ बहुमत नहीं मिला। शिवसेना (शिंदे गुट) को 53 सीटें मिलीं, जबकि बीजेपी 50 सीटों के साथ उसके करीब रही। बहुमत के लिए 61 सीटों की जरूरत है। ऐसे में कोई भी पार्टी तुरंत सरकार बनाने का दावा नहीं कर सकी। अब छोटी पार्टियों और निर्दलीय पार्षदों की भूमिका सबसे अहम हो गई है