(खबरें अब आसान भाषा में)
डायरेक्ट और रेगुलर म्यूचुअल फंड्स एक ही अंडरलाइंग पोर्टफोलियो में निवेश करते हैं। डायरेक्ट फंड में आप सीधे फंड हाउस या ऐसे प्लेटफॉर्म के जरिए निवेश करते हैं, जो एडवाइस ऑफर नहीं करते हैं। रेगुलर फंड्स में आप डिस्ट्रिब्यूटर या एडवाइजर के जरिए इनवेस्ट करते हैं