(खबरें अब आसान भाषा में)
इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (ICEA) ने कहा है कि सब-एंसेंबलीज और उनके कंपोनेंट्स पर ज्यादा टैरिफ की वजह से मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट बढ़ जाती है। इसका असर ग्लोबल मार्केट्स में इंडियन प्रोडक्ट्स की प्रतिस्पर्धा क्षमता पर पड़ता है