(खबरें अब आसान भाषा में)
किशोर ने अपनी पार्टी जन सुराज के जरिए बिहार के लोगों की बुनियादी जरूरतों को उजागर करने की कोशिश की है। वह बिहार की राजनीति को जाति और वंशवाद के चंगुल से निकालकर एक नई राह पर ले जाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने करीब तीन साल तक पूरे बिहार की पदयात्रा की है