Hindu Ekta Pad Yatra: हिंदुओं को एकजुट करने की धुन में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ‘हिंदू एकता पदयात्रा’ पर निकले हुए हैं। ये यात्रा मध्य प्रदेश के छतरपुर से शुरू होकर ओरछा में 29 नवंबर को पूरी होगी। धीरेंद्र शास्त्री इस यात्रा को इसलिए निकाल रहे हैं ताकी हिंदुओं को जागरुक कर एकजुट किया जा सके और भेदभाव को मिटाया जा सके। सनातन हिंदू एकता पदयात्रा में कई अनोखे रंग भी देखने को मिल रहे हैं। रिपब्लिक भारत से बात करते हुए धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि उन्हें 1 करोड़ कट्टर हिंदुओं की जरूरत है।
हिंदू एकता पदयात्रा में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के साथ हजारों सनातनियों का काफिला चल रहा है। रिपब्लिक भारत से बात करते हुए उन्होंने कहा कि ‘100 करोड़ हिंदुओं में हमें 1 करोड़ कट्टर हिंदू चाहिए, जो सड़कों पर उतरें और अपनी बात रख सकें। जो अपनी संस्कृति और संस्कार को बचाने के लिए लोगों जागरुक करें। अकेले बागेश्वर धाम से इस देश का ऊंच-नीचे, जात-पात का जहर नहीं मिट पाएगा।’
कन्वर्टेड मुसलमानों को ऑफर
इससे पहले सोमवार को रिपब्लिक नेटवर्क के एडिटर इन चीफ अर्नब गोस्वामी से खास बातचीत में पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने कहा था कि पूरे भारत में इस समय सनातन की लहर है। मैं हिंदुओं को एकजुट करने के लिए काम करता रहुंगा। हिंदुओं को एकजुट करने के लिए देश में जात-पात की दीवार गिराना बहुत जरूरी है। संजय दत्त के यात्रा में शामिल होने पर बाबा ने कहा कि फिल्मों में सनातन धर्म का गलत ढंग से दिखाया गया, उसी बॉलीवुड के संजय दत्त अगर अब हिंदुओं और सनातन की एकता के बोल रहे हैं ये बड़ा बदलाव है। अब हवा सनातन की चल रही है। सब बोलेंगे और राष्ट्रवादी बनेंगे, हम देश में ऐसा माहौल चाहते हैं कि ये कभी बदले नहीं। इसीलिए हम हिंदू एकता चाहते है। बॉलीवुड के दूसरे स्टार्स को लेकर उन्होंने कहा कि भगवान राम ने विभीषण को स्वीकार किया था। हम भी स्वीकार कर सकते हैं और हम तो आपके चैनल के माध्यम से इस देश के कन्वर्टेड मुसलमानों को भी बुला रहे है।’
ओरछा में पूरी होगी यात्रा
एमपी के छतरपुर में स्थित बागेश्वर धाम से धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने हिंदू पदयात्रा शुरू की है। बागेश्वर बाबा की यह पदयात्रा करीब 160 किलोमीटर का सफर तय कर 29 नवंबर को ओरछा में पूरी होगी। हजारों भक्तों और समर्थकों के साथ धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री 100 किलोमीटर से अधिक चल चुके हैं और उन्हें अभी और चलना है। बाबा ने पदयात्रा की शुरुआत से पहले कहा था कि हमें छेड़ोगे तो हम छोड़ेंगे नहीं। अब बाबा ने कहा जात-पात की करो विदाई, हम सब हिन्दू भाई। हम सब हिन्दू को सड़क पर उतरना पड़ेगा, हम आध्यात्मिक लोग है दंगे वाले लोग नहीं है।
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