हादसे के बाद गंगा नदी में नावों के संचालन और सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल उठने लगे हैं। बताया जा रहा है कि नदी में पानी बढ़ने के कारण प्रशासन ने निजी नावों के चलने पर रोक लगा रखी थी, लेकिन इसके बावजूद लोगों को नदी पार कराने के लिए नावों का इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि प्रतिबंध के बावजूद नावों को चलने से रोकने के लिए निगरानी क्यों नहीं की गई। फिलहाल, हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान और बचाव अभियान से जुड़ी अन्य जानकारियों का इंतजार है। प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्य जारी है।