आँकड़ों के हिसाब से देखें तो शमी ने अपनी फिटनेस साबित करने के लिए पर्याप्त गेंदबाज़ी की है. उनकी रफ्तार में भी कोई कमी नहीं आई है. अगर हम उनके शब्दों को आधार मानें, तो शमी ने अब रणजी ट्रॉफी, विजय हज़ारे ट्रॉफी और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी तीनों टूर्नामेंट खेले हैं और उन्होंने एक भी मैच मिस नहीं किया है