(खबरें अब आसान भाषा में)
युद्धों व टकरावों, प्राकृतिक आपदाओं और मानवीय संकटों का सामना कर रहे देश, बच्चों को नियमित वैक्सीन देने में कठिनाई का सामना कर रहे हैं. इससे पोलियो जैसी ख़तरनाक बीमारियाँ दोबारा सर उठाने लगी हैं, जिससे कई बच्चे जोखिम में पड़ गए हैं.