Swami Chidanand Saraswatiin Rashtra Sarvopari Sammelan 2024: देश के सबसे बड़े न्यूज इवेंट रिपब्लिक भारत के राष्ट्र सर्वोपरि सम्मेलन में स्वामी चिदानंद सरस्वती ने शिरकत की। इस दौरान उन्होंने सनातन धर्म, आर्टिफिशियल इंटेजिलेंस, सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव समेत कई मुद्दे पर खुलकर चर्चा की और अपने विचार रखे। इस दौरान उन्होंने लोगों को खुशहाल जीवन के लिए ‘मोबाइल फास्ट’ का नया कांसेप्ट भी दिया।
रिपब्लिक भारत के राष्ट्र सर्वोपरि सम्मेलन में ‘सनातन की शक्ति’ सत्र में बोलते हुए स्वामी चिदानंद सरस्वती ने कहा कि सनातन धर्म शाश्वत है जिसमें हमारे आदर्श, मूल्य, मूल सिद्धांत और परम्मपरायों समाहित है। सनातन हैं तो मानवता है। सनातन है तो सद्भाव है। सनातन नहीं रहेगा तो सब पर खतरा मंडराएगा। सनातन ही जो सब को लेकर चलता है। स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने कहा कि सनतान को डेंगू मलेरिया कहा गया मगर सनातन डेंगू नहीं डिवाइन है।
सनातन डेंगू नहीं डिवाइन है-स्वामी चिदानंद
सनातन को डेंगू कहने वालों को चिदानंद सरस्वती ने कहा, सनातन डेंगू नहीं डिवाइन है। ये कोई बीमारी नहीं इलाज है। ये समस्या नहीं समाधान है। ये ऐसा रोग है, जो सबको जोड़ देता है। सनातन भारत को प्रकाश करने वाला है। सनातन ने वसुधैव कुटुम्बकम, सर्वैभवन्तु सुखिनः का मंत्र दिया है। वसुधैव कुटुम्बकम की बात करें तो यह एक ऐसी संस्कृति है, जिसने किसी पर भी आक्रमण नहीं किया लेकिन सभी को आकर्षित किया।
‘सनातन की शक्ति’ सत्र में शामिल हुए स्वामी चिदानंद
‘सनातन की शक्ति’ सत्र में परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती जी ने लोगों को खुशी और शांति भरा जीवन के लिए एक बहुत बड़ी टिप्स भी दी। उन्होंने ‘मोबाइल फास्ट’ के नए कांसेप्ट के बारे में बताया। रिपब्लिक के समिट में जब उनसे सवाल किया गया है कि आजकल के युवा जो सोशल मीडिया को बहुत फ्लो करते है, उनका ज्यादातर टाइम फेसबुक, इंस्टाग्राम पर बीतता है उन्हें धर्म और सनातन से कैसे जोड़ा जाए।
मनुष्य को खुद के फेसबुक भी देखना जरूरी- स्वामी चिदानंद
स्वामी चिदानंद सरस्वती ने कहा कि सोशल मीडिया पर समय देना बुरी बात नहीं है। WhatsApp और फेसबुक चलाने में कोई बुराई नहीं है। मगर जब आप दिनभर इन सबको समय देते हुए और जब आप विस्तर पर सोने जाते हो तो उससे पहले एक घंटे watch on own Facebook। मनुष्य को अपना फेसबुक भी देखना जरूरी है।
सुखी जीवन के लिए मोबाइल फास्ट जरूरी- स्वामी चिदानंद
स्वामी चिदानंद सरस्वती ने खुशहाल जीवन का टिप्स देते हुए कहा कि अगर आपको कुछ अच्छा चाहिए, अगर आप जीवन में खुश रहना चाहते हैं, आप चाहते हों कि आपको अच्छी नींद मिले। तो सोने से एक घंटे पहले मोबाइल को बंद कर दीजिए। चिदानंद सरस्वती ने इसे मोबाइल फास्ट नाम दिया और उन्होंने कहा कि जीवन में मोबाइल फास्ट जरूरी है। सोशल मीडिया का उपयोग अच्छा है मगर हमेशा नहीं।
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