Bahraich Update: उत्तर प्रदेश के बहराइच में 13 अक्टूबर को प्रतिमा विसर्जन के दौरान हिंसा की भेंट चढ़े युवक राम गोपाल मिश्रा की मौत के कारण का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया है कि युवक की मौत सदमे और ज्यादा खूब बहने के कारण हुई है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चला है कि राम गोपाल मिश्रा के शरीर पर 25 से 30 छर्रे लगे थे। उसके शरीर पर चोट के निशान भी मिले। इसके अलावा युवक की बाईं आंख के आसपास और पैर के नाखूनों पर भी गंभीर चोट के निशान थे।
तीन डॉक्टरों की समिति ने किया पोस्टमार्टम
बहराइच के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजय कुमार के मुताबिक, रविवार देर रात तीन डॉक्टरों की समिति ने पोस्टमार्टम किया और इसकी वीडियोग्राफी भी की गई।
ASP ने की भ्रामक सूचना नहीं फैलाने की अपील
वहीं बहराइच की घटना पर ASP ग्रामीण पवित्र मोहन त्रिपाठी ने सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचना नहीं फैलाने की अपील की है। उन्होंने कहा, “बहराइच में घटित घटना में एक व्यक्ति की हत्या किए जाने के संबंध में सोशल मीडिया पर सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने के उद्देश्य से भ्रामक सूचना फैलाई जा रही हैं, जिसमें कोई सच्चाई नहीं है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु का कारण गोली लगने से पाया गया है। घटना में केवल एक व्यक्ति की मृत्यु हुई है। सभी लोगों से अनुरोध है कि भ्रामक सूचना ना फैलाएं और अफवाहों पर ध्यान ना दें। जनपद में पूर्ण रूप से शांति है।
मामले में योगी सरकार की बड़ी कार्रवाई
वहीं इस बर्बरता के बाद मामले में बड़ी कार्रवाई की गई है। रविवार की घटना में लापरवाही बरतने के आरोप में महसी के पुलिस क्षेत्राधिकारी रूपेंद्र गौड़ को हटा दिया गया है। इससे पहले हरदी थाना प्रभारी सूरज कुमार वर्मा और महसी पुलिस चौकी प्रभारी शिव कुमार सरोज को निलंबित किया जा चुका है।
अब तक 55 लोगों को किया जा चुका है गिरफ्तार
वहीं एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को बताया कि घटना के बाद दर्ज 11 अलग-अलग मुकदमों में अब तक 55 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस ने मिश्रा हत्याकांड में नामजद छह आरोपियों में से एक दानिश उर्फ शहीर खान को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस का कहना है कि इस मामले में पहला मुकदमा रविवार, 13 अक्टूबर की रात मृतक के परिजनों की ओर से छह नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ हरदी थाने में दर्ज कराया गया था। पुलिस ने बताया कि इसके अलावा अस्पताल में तोड़फोड़ करने वालों के खिलाफ एक मुकदमा, हिंदू पक्ष की ओर से दूसरे समुदाय के अज्ञात लोगों के खिलाफ छह मुकदमे जबकि मुस्लिम समुदाय की ओर से घरों में तोड़फोड़ और आगजनी के आरोप में तीन मुकदमे दर्ज कराए गए हैं।
बता दें कि महाराजगंज इलाके में लगातार तीसरे दिन मोबाइल इंटरनेट और ब्रॉडबैंड सेवाएं बंद रहीं। हालांकि पुलिस ने बताया कि दोनों इलाकों में और उसके आसपास स्थिति सामान्य हो रही है और मंगलवार से कोई अप्रिय घटना नहीं हुई है। जिले में खासकर महसी तहसील के महाराजगंज शहर के 20 किलोमीटर के दायरे में बड़े पैमाने पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
क्या है पूरा मामला?
बहराइच जिले के महसी तहसील के महराजगंज कस्बे में रविवार की शाम मूर्ति विसर्जन के दौरान डीजे पर बज रहे गाने को लेकर विवाद हो गया। गाने के विरोध में दूसरे समुदाय के युवकों ने गाली-गलौज की और छत से पत्थरबाजी कर दी। बताया जाता है कि पत्थर चलने से मां दुर्गा की प्रतिमा खंडित हो गई। जिससे दूसरे समुदाय ने प्रदर्शन शुरू कर दिया।
आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान दूसरे समुदाय के लोग एक युवक को घर के अंदर पकड़ ले गए और गोली मार दी। जिससे रेहुवा मंसूर निवासी रामगोपाल मिश्रा(24) की मौत हो गई। वहीं उसे बचाने पहुंचा राजन(28) भी गंभीर रुप से घायल हो गए। यही नहीं लगभग एक दर्जन अन्य लोगों के घायल होने की बात कही जा रही है। स्थिति को काबू में करने के लिए मौके पर छह थानों की पुलिस व पीएसी तैनात है। एसपी वृंदा शुक्ला समेत अन्य आला अधिकारी महराजगंज में कैंप कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें: Bahraich: रामगोपाल संग हमीद-सलमान की बर्बरता, पिलास से नोचे नाखून, छर्रों से छलनी किया सीना- खुलासा