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विभाग ने लक्षणों के अनुसार मरीजों का उपचार शुरू कर दिया है। साथ ही स्किनकेयर विशेषज्ञों से भी सलाह ली जा रही है। जिला परिषद के एक स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि इन गांवों से पानी के सैंपल भी संभावित गंदगी और प्रदूषण की जांच के लिए भेजे जा रहे हैं