इस अनोखे मोदक को तैयार करने में शेफ हर्ष केडिया ने करीब 20 घंटे लगाए। हर्ष केडिया को उनके शुगर-कॉन्शस और डायबिटिक-फ्रेंडली व्यंजनों के लिए जाना जाता है। ऐसे में इस बार उन्होंने अपनी कला को सिर्फ एक विशाल मिठाई बनाने तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उसे भक्ति और समावेशिता से जोड़ दिया। मोदक को पूरी तरह चीनी-मुक्त रखा गया, ताकि उम्रदराज, डायबिटीज से जूझ रहे और स्वास्थ्य के प्रति सजग श्रद्धालु भी प्रसाद का आनंद ले सकें।