सितंबर 2024 में खत्म हुए तिमाही के लिए रेवेन्यू 13,372.39 करोड़ रुपये था, जो दिसंबर 2024 तक घटकर 8,923.21 करोड़ रुपये हो गया। फिर यह मार्च 2025 तक बढ़कर 12,375.76 करोड़ रुपये और जून 2025 तक 12,821.65 करोड़ रुपये हो गया, फिर सितंबर 2025 में खत्म हुए तिमाही के लिए फिर से घटकर 9,791.59 करोड़ रुपये हो गया