श के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू के पारिवारिक सदस्यों का आजाद भारत की राजनीति में ज्यादा गहरा प्रभाव है। साथ ही सक्रिय राजनीति या फिर संवैधानिक पदों पर बैठने वालों की संख्या कहीं ज्यादा है। इस पूरे प्रभाव को समझने के लिए जवाहर लाल नेहरू के दादा गंगाधर नेहरू के परिवार को समझना होगा, जो दिल्ली के आखिरी कोतवाल थे