Sambhal Violence: संभल हिंसा मामले को लेकर हनुमानगढ़ी मंदिर के महंत राजू दास मौलाना तौकीर रजा और जमीयत उलेमा-ए- हिंद पर जमकर भड़के। दरअसल, 29 नवंबर, शुक्रवार को संभल हिंसा को लेकर जमीयत उलेमा-ए-हिंद (Jamiat Ulema-e-Hind) की अमरोहा में गोपनीय बैठक हुई है। इस बैठक में जमीयत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना महमूद मदनी भी शामिल हुए। जमीयत की बैठक में हिंसा में मारे गए लोगों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये देने की घोषणा की गई है।
वहीं सपा ने भी मुआवजे का ऐलान किया, जबकि मौलाना तौकीर रजा ने पुलिस और जज को दोषी ठहरा दिया। इसे लेकर हनुमानगढ़ी मंदिर के महंत राजू दास आगबबूला हो उठे। उन्होंने मौलाना तौकीर रजा और जमीयत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना मदनी को घेरते हुए उनपर जमकर हमला कर दिया।
मौलाना तौकीर रजा और जमीयत उलेमा-ए-हिंद पर हो देशद्रोह का मुकदमा: महंत राजू दास
हनुमानगढ़ी मंदिर के महंत राजू दास ने कहा, “संभल में जिस प्रकार से सरकारी व्यक्तियों और पुलिसकर्मियों पर हमले हुए, उसपर मौलाना तौकीर रजा ने उन हमलावरों को शहीद का दर्जा दिया और बोला इस्लाम के नाम पर ये लोग शहीद हुए। जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने 5-5 लाख मुआवजा देने की घोषणा की है। मुझको लगता है कि ऐसे आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले और भारतीय संविधान के खिलाफ कुचक्र रचने का इन लोगों के खिलाफ मौलाना तौकीर रजा और जमीयत उलेमा-ए-हिंद के ऊपर देशद्रोह का मुकदमा होना चाहिए।”
आतंक को बढ़ावा दे रहे ऐसे लोग…: महंत राजू दास
उन्होंने कहा कि ऐसे लोग आतंक को बढ़ावा दे रहे हैं और दंगाईयों को देश तोड़ने के लिए उकसा रहे हैं। संवैधानिक रुप से जांच होने वाली थी, जिसपर उन्होंने हमला किया और वे गोली के शिकार हो गए। पत्थर, कट्टे ये वो लोग एकत्रित किए हुए थे। ये प्रीप्लानिंग पहले से उनलोगों ने योजना बनाकर रखी थी कि जो वहीं जाएंगे, पहुंचने के बाद उनकी हत्या कर देंगे। ऐसी योजना बनाई। तो ये लोग उकसा रहे हैं। इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।