कमज़ोर व भेदभावपूर्ण क़ानूनों, हिंसक टकराव सम्बन्धी हिंसा, न्याय तक पहुँच में मौजूद अनगिनत अवरोधों समेत अन्य चुनौतियों की वजह से विश्व भर में महिलाओं व लड़कियों को समान क़ानूनी संरक्षण व उपाय उपलब्ध नहीं हैं, जिससे मानवाधिकारों व सतत विकास की दिशा में प्रगति पर जोखिम है. संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष अधिकारियों ने यूएन मुख्यालय में सोमवार को महिलाओं की स्थिति पर आयोग (CSW) के 70वें सत्र के उदघाटन कार्यक्रम में न्याय के लिए ठोस कार्रवाई का आहवान किया है.