संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष मानवीय राहत समन्वय अधिकारी टॉम फ़्लैचर ने आगाह किया है कि धन-कटौती के कारण, वैश्विक मानवीय सहायता व्यवस्था टूटने के कगार पर पहुँच गई है. धन-कटौती के कारण जीवन-या-मृत्यु के बीच किसी एक को चुनने के निर्णय लेने पड़ रहे हैं कि किस सहायता कार्यक्रम को जारी रखा जाए और कौन-से कार्यक्रमों को बन्द करें.