(खबरें अब आसान भाषा में)
हाल के वर्षों में भारत ने देश को ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब में बदलने, इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने, ह्यूमन कैपिटल में सुधार करने और डिजिटाइजेशन का लाभ उठाने के लिए कई स्ट्रक्चरल रिफॉर्म शुरू किए हैं। इसके साथ ही मैक्रोइकोनॉमिक स्थिरता को भी बढ़ावा दिया गया है