वित्त मंत्रालय ने कहा है कि इस छूट का मकसद सरकारी प्रतिभूतियों में निवेश को आसान बनाना और पात्र विदेशी निवेशकों के लिए टैक्स सिस्टम को सरल बनाना है। यह अध्यादेश इसलिए जारी किया गया क्योंकि संसद का सत्र नहीं चल रहा है और राष्ट्रपति इस बात से संतुष्ट थे कि ऐसी परिस्थितियां मौजूद हैं जिनके कारण तुरंत कार्रवाई करना जरूरी है