विश्व भर में, 10 करोड़ से अधिक लोगों पर बारूदी सुरंगों, युद्ध के दौरान इस्तेमाल में लाए गए विस्फोटकों और अन्य आयुध सामग्री के अवशेषों की चपेट में आने का जोखिम है. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने शुक्रवार, 4 अप्रैल, को ‘अन्तरराष्ट्रीय बारूदी सुरंग जागरूकता दिवस’ के अवसर पर यह चिन्ता व्यक्त की है.