मृतका का असली नाम के. रेशमा था, जिन्हें लोग चिन्नू पप्पू के नाम से जानते थे। वह अदूर की रहने वाली थीं, लेकिन कासरगोड शहर के पास एक जगह किराए के मकान में रहती थीं। उनकी लाश क्वार्टर के एक कमरे में फांसी के फंदे से लटकी हुई मिली। चिन्नू, गंगाधरन और शैलजा की बेटी थीं। 24 साल की चिन्नू सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहती थीं और इंस्टाग्राम समेत अन्य प्लेटफॉर्म पर उनकी अच्छी खासी फैन फॉलोइंग थी।