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कोहली उस भूख का उदाहरण हैं जिसकी ज़रूरत एक लीजेंड बनने के लिए होती है अगर रांची में कोहली की 135 रन की पारी ने सुर सेट किया था, तो रायपुर उससे भी ज़्यादा दमदार रही कोहली के भविष्य पर होने वाली तमाम बातें अब बिल्कुल बेमानी लगती हैं रन बनाने की उनकी भूख हर युवा क्रिकेटर के लिए एक मिसाल है.