बता दें कि पश्चिम बंगाल में गाड़ियों का निर्माण भले ही कम होता हो, लेकिन वहां गाड़ियों का एक बड़ा बाजार है। SIAM के आंकड़ों के मुताबिक, FY26 में राज्य में लगभग 10.2 लाख दो-पहिया और 1.25 लाख पैसेंजर गाड़ियों की बिक्री हुई। हालांकि, यहां अभी तक किसी गाड़ी बनाने वाले प्लांट के आस-पास कंपोनेंट सप्लायर्स का कोई बड़ा नेटवर्क नहीं बन पाया है।